स्वतंत्रता दिवस पर शहीदों और स्वतंत्रता सेनानियों को किया नमन
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ बोले—जनसमस्याओं का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता
सोनभद्र। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर कलेक्ट्रेट सभागार में गरिमापूर्ण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने देश की आजादी के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले अमर शहीदों, स्वतंत्रता सेनानियों एवं राष्ट्रनिर्माताओं को श्रद्धापूर्वक नमन किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने स्वतंत्रता संग्राम के वीर सेनानियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान को याद करते हुए कहा कि देश को आजादी असंख्य वीरों के संघर्ष और बलिदान के बाद मिली है। आज हम जिस स्वतंत्र एवं लोकतांत्रिक भारत में जीवन जी रहे हैं, उसके पीछे हमारे स्वतंत्रता सेनानियों का त्याग और संघर्ष है।
उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता केवल अधिकारों का विषय नहीं, बल्कि कर्तव्यों और जिम्मेदारियों का भी बोध कराती है। प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी का दायित्व है कि वह पूरी निष्ठा, संवेदनशीलता और पारदर्शिता के साथ अपने शासकीय दायित्वों का निर्वहन करे।
जिलाधिकारी ने कहा कि समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। अपनी समस्या लेकर आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की बात संवेदनशीलता और धैर्यपूर्वक सुनी जाए तथा नियमानुसार उसकी समस्या का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। शासन की योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय से पहुंचे और जनसमस्याओं का निर्धारित समय-सीमा में समाधान हो, यही प्रशासन की कार्यप्रणाली का मूल उद्देश्य होना चाहिए।
प्रभागीय वनाधिकारी, कैमूर वन्यजीव प्रभाग आरुषि मिश्रा ने कहा कि जिन वीर सपूतों ने देश की स्वतंत्रता के लिए अपना जीवन समर्पित किया, उनके सपनों को साकार करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। स्वतंत्रता सेनानियों ने विकसित, समृद्ध, आत्मनिर्भर और सशक्त भारत का सपना देखा था। उस सपने को पूरा करने की जिम्मेदारी वर्तमान पीढ़ी की है। सभी को अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करते हुए जनपद के विकास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के साथ प्रकृति और पर्यावरण के प्रति भी जिम्मेदारी निभानी चाहिए।
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व वागीश कुमार शुक्ल ने स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान अमर शहीदों एवं स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और योगदान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आजादी लंबे संघर्ष और असंख्य बलिदानों के बाद प्राप्त हुई है। ऐसे में प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी को अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जनसमस्याओं का समय से निस्तारण प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी न्यायिक रमेश चंद्र, अपर जिलाधिकारी नमामि गंगे रोहित यादव, वरिष्ठ कोषाधिकारी इंद्रभान सिंह, प्रशासनिक अधिकारी रामलाल, राजीव शुक्ला, सहायक निर्वाचन अधिकारी जगदीश पटेल, ट्रेजरी बाबू इसरार अहमद, उप जिलाधिकारी न्यायिक रॉबर्ट्सगंज आकांक्षा गौतम एवं उप जिलाधिकारी जफर इकबाल सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का संचालन सुरेश पाठक ने किया। अंत में उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने अमर शहीदों एवं स्वतंत्रता सेनानियों के आदर्शों को आत्मसात करते हुए राष्ट्र की एकता, अखंडता एवं विकास में अपनी भूमिका निभाने का संकल्प लिया।




























